Economics · Banking and Cash Management
भारत में कैश मैनेजमेंट सर्विसेज (CMS) के तकनीकी और नियामक बुनियादी ढांचे को ध्यान में रखते हुए, निम्नलिखित कथनों का मूल्यांकन कीजिए: कथन I: नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर (NEFT) प्रणाली डिफर्ड नेट सेटलमेंट (DNS) के आधार पर काम करती है जहां लेनदेन आधे घंटे के बैचों में संसाधित होते हैं, और सेवा 24x7 उपलब्ध है। कथन I: रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट (RTGS) उच्च मूल्य वाले लेनदेन के लिए प्राथमिक मंच है जहां न्यूनतम राशि 2,00,000 INR है और निपटान व्यक्तिगत आधार पर निरंतर होता है। कथन III: चेक ट्रंकेशन सिस्टम (CTS) ने क्लियरिंग के लिए डिजिटल छवियों का उपयोग करके चेक की भौतिक आवाजाही को समाप्त कर दिया है। कथन IV: UPI (यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस) को उच्च मात्रा में मर्चेंट कलेक्शन के लिए कॉर्पोरेट CMS में एकीकृत किया जा सकता है। कथन V: RBI की 'पॉजिटिव पे' प्रणाली 50,000 INR और उससे अधिक मूल्य के चेक के लिए एक सुरक्षा विशेषता है, जिसमें दराज (drawer) को इलेक्ट्रॉनिक रूप से चेक विवरण प्रदान करने की आवश्यकता होती है। निम्नलिखित में से कौन सा विकल्प सही कथनों की पहचान करता है?
- 1कथन I, II, III और IV सही हैं, जबकि कथन V अनिवार्य सीमा के संबंध में गलत है✓
- 2केवल IV और V सही हैं
- 3केवल II और III सही हैं
- 4केवल I और II सही हैं
सही उत्तर देखें
कथन I, II, III और IV सही हैं, जबकि कथन V अनिवार्य सीमा के संबंध में गलत है
Download Single Question PDF
Save this question and verified answer as a clean study sheet with live clickable link.
Share with Friends & Study Groups
Challenge your peer aspirants on WhatsApp or Telegram to solve this question!
Preparing for Economics?
Practice full-length Economics mock tests with real exam timers, instant score analysis, and all-India ranking.
Want more practice questions on Banking and Cash Management?
Solve complete topic-wise tests with detailed solutions on GkGet.
Related Practice Questions
Recommended practice questions in Economics · Banking and Cash Management