Indian Polity · Judiciary
निम्नलिखित में से कौन सा विवरण 'न्यायिक सक्रियता' की अवधारणा को सबसे अच्छी तरह समझाता है?
- 1संसद में प्रत्यक्ष विधायी कानून बनाने की न्यायपालिका की शक्ति
- 2कार्यपालिका शाखा पर न्यायपालिका द्वारा प्रशासनिक शक्ति का प्रयोग करना
- 3अधिकारों की रक्षा और सामाजिक न्याय को बढ़ावा देने के लिए न्यायपालिका द्वारा निभाई गई सक्रिय भूमिका✓
- 4न्यायपालिका द्वारा पिछले कानूनी उदाहरणों का कड़ाई से पालन करना
सही उत्तर देखें
अधिकारों की रक्षा और सामाजिक न्याय को बढ़ावा देने के लिए न्यायपालिका द्वारा निभाई गई सक्रिय भूमिका
व्याख्या
प्रश्न: निम्नलिखित में से कौन सा विवरण 'न्यायिक सक्रियता' (Judicial Activism) की अवधारणा को सबसे अच्छी तरह समझाता है?
विस्तृत स्पष्टीकरण:
अवधारणा का अर्थ: 'न्यायिक सक्रियता' से तात्पर्य न्यायपालिका द्वारा अपनी पारंपरिक भूमिका से आगे बढ़कर समाज के वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा करने, नागरिकों के मौलिक अधिकारों को सुनिश्चित करने और सामाजिक न्याय को बढ़ावा देने के लिए निभाई जाने वाली सक्रिय और सकारात्मक भूमिका से है।
लोक हित वाद (PIL): भारत में न्यायिक सक्रियता का मुख्य माध्यम जनहित याचिका (PIL) रही है, जिसके जरिए न्यायपालिका ने कार्यपालिका और विधायिका को उनके संवैधानिक कर्तव्यों के प्रति सचेत किया है।
सही विकल्प:
- (B) अधिकारों की रक्षा और सामाजिक न्याय को बढ़ावा देने के लिए न्यायपालिका द्वारा निभाई गई सक्रिय भूमिका
Download Single Question PDF
Save this question and verified answer as a clean study sheet with live clickable link.
Share with Friends & Study Groups
Challenge your peer aspirants on WhatsApp or Telegram to solve this question!
Preparing for Indian Polity?
Practice full-length Indian Polity mock tests with real exam timers, instant score analysis, and all-India ranking.
Want more practice questions on Judiciary?
Solve complete topic-wise tests with detailed solutions on GkGet.
Related Practice Questions
Recommended practice questions in Indian Polity · Judiciary