Indian Polity · Judiciary
किस रिट को किसी व्यक्ति को अदालत में पेश करने के लिए जारी किया जाता है?
- 1अधिकार पृच्छा (Quo Warranto)
- 2उत्प्रेषण (Certiorari)
- 3परमादेश (Mandamus)
- 4बंदी प्रत्यक्षीकरण (Habeas Corpus)✓
सही उत्तर देखें
बंदी प्रत्यक्षीकरण (Habeas Corpus)
व्याख्या
प्रश्न: किस रिट को किसी व्यक्ति को अदालत में पेश करने के लिए जारी किया जाता है?सही उत्तर:
- (A) बंदी प्रत्यक्षीकरण (Habeas Corpus)
विस्तृत स्पष्टीकरण और मुख्य बिंदु:
बंदी प्रत्यक्षीकरण (Habeas Corpus): लैटिन भाषा के इस शब्द का शाब्दिक अर्थ 'को शरीर को प्रस्तुत किया जाए' होता है। यह रिट किसी ऐसे व्यक्ति के संबंध में जारी की जाती है जिसे अवैध रूप से हिरासत में लिया गया हो। इसके माध्यम से न्यायालय प्राधिकारियों को आदेश देता है कि वे उस व्यक्ति को अदालत के समक्ष पेश करें और उसकी हिरासत का वैध कारण बताएं।
अन्य रिटों का संक्षिप्त विवरण:
परमादेश (Mandamus): इसका अर्थ 'हम आदेश देते हैं' है। यह किसी लोक प्राधिकारी को उसके कर्तव्यों का पालन करने के लिए जारी किया जाता है।
उत्प्रेषण (Certiorari): इसका अर्थ 'प्रमाणित होना' या 'सूचना देना' है। यह उच्च न्यायालयों द्वारा अधीनस्थ न्यायालयों को उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर जाने से रोकने या आदेश को रद्द करने के लिए जारी किया जाता है।
अधिकार पृच्छा (Quo Warranto): इसका अर्थ 'किस प्राधिकार से' है। यह किसी व्यक्ति द्वारा अवैध रूप से सार्वजनिक पद ग्रहण करने से रोकने के लिए जारी किया जाता है।
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